आगरा: उत्तर प्रदेश के आगरा में एक नाबालिग छात्र को पूछताछ के लिए
चौकी पर बुला कर उसे थर्ड डिग्री देने के आरोपी दो दारोगा को निलंबित कर दिया गया है। आरोपी दोनों दारोगा पर आरोप है कि चौकी में बांधकर नाबालिग छात्र की डंडे और पट्टे से पिटाई की, जिससे उसका हाथ टूट गया। पुलिस ने पीड़ित छात्र का मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर दोनों निलंबित दारोगा पर एफआईआर करने का भरोसा भी परिजनों को दिया है। जानकारी के अनुसार, मामला किरावली थाना के मिढ़ाकुर पुलिस चौकी का है। यहां के नानपुर गांव में 18 फरवरी की शाम को हाईस्कूल की परीक्षा दे रहे 15 वर्षीय करन का गांव के ही एक लड़के से किसी बात को लेकर विवाद हो गया था। दोनों पक्षों ने पुलिस से शिकायत की थी। उस समय चौकी पुलिस ने फोन पर समझा कर मामला शांत करा दिया था।
ताऊ से पुलिस ने मांगे 10 हजार
शुक्रवार (20 फरवरी) को करन बोर्ड परीक्षा देकर घर लौटा था। इसी बीच मिढ़ाकुर चौकी पर तैनात दारोगा अनुराग और इशांत घर पहुंचे। दोनों पक्षों को पूछताछ के लिए चौकी चलने को कहा। चौकी में पूछताछ के बाद एक पक्ष को वापस कर दिया। नाबालिग करन को अकेले ही रोक लिया। आरोप है कि उसके ताऊ जब चौकी पहुंचे तो उनसे 10 हजार रुपये की मांग की गई। ताऊ ने असमर्थता जता दी। दारोगा ने एक घंटे बाद आकर करन को ले जाने को कहा। आरोप है कि इस बीच करन को बांधकर पट्टे और डंडों से पीटा गया। शाम को उसे छोड़ा गया।
रातभर दर्द से कराहता रहा।
परिजनों ने शनिवार सुबह करन को डॉक्टर को दिखाया तो हाथ में फ्रैक्चर पाया गया, जिसकी वजह से वह 10वीं की बोर्ड परीक्षा देने में असमर्थ हो गया। करन रातभर दर्ज से कराहता रहा। परिजन शनिवार को शिकायत लेकर डीसीपी कार्यालय पहुंचे।
